गुरुवार, 1 अप्रैल 2010

क्लोरोफिल

मेरे जीवन में
जो कुछ भी हरा है
वो तुम्हारे कारण से है
और
मुझ पर
पड़ने वाले तमाम
सूर्य किरणों को सोख
तुम बना देती हो
उन्हें उर्जा का श्रोत

जीवन को
उष्मित
पोषित
करती हो तुम
स्वयं को
अनगिनत रासायनिक
और भौतिक चक्रों से गुजर कर ।

अपने भीतर के
दर्द को
छुपा
दिखती हो हरा
सुनेहरा हरा
जो आँखों को
बेहद प्रिय लगते हैं
लेकिन
उस हरेपन के पीछे की
कालिमा को
कहाँ महसूस कर सका हूँ मैं ।

क्या
इतना काफी है कहना
कि
तुम हो
मेरे जीवन की
क्लोरोफिल !

16 टिप्‍पणियां:

  1. काव्य की विषयवस्तु प्राचीन पर बिम्ब नवीन.......बढ़िया..."

    उत्तर देंहटाएं
  2. बेहद समर्पित होके लिखा आपने ,और जिनके लिय लिखा वो तो धन्य हो गईं .....साधुवाद .

    उत्तर देंहटाएं
  3. अपने भीतर के
    दर्द को
    छुपा
    दिखती हो हरा
    सुनेहरा हरा
    जो आँखों को
    बेहद प्रिय लगते हैं
    लेकिन
    उस हरेपन के पीछे की
    कालिमा को
    कहाँ महसूस कर सका हूँ मैं ।
    ........
    बहुत ही बढ़िया

    उत्तर देंहटाएं
  4. तुम हो
    मेरे जीवन की
    क्लोरोफिल ! .....
    samarpan ki parakashtha ka sunder chitran. badhai.......

    उत्तर देंहटाएं
  5. तुम हो
    मेरे जीवन की
    क्लोरोफिल !
    हवा जल और सूर्य रश्मियाँ अवरूद्ध न होने पाये
    क्लोरोफिल तभी अपना असर दिखाये
    बहुत खूब लिखा है

    उत्तर देंहटाएं
  6. बहुत ख़ूबसूरत रचना लिखा है आपने जो काबिले तारीफ़ है! दिल को छू गयी आपकी ये शानदार रचना!

    उत्तर देंहटाएं
  7. वैज्ञानिक दृष्टिकोण को भावनाओं में लपेट कर दिमाग का पेट भर दिया है।

    उत्तर देंहटाएं
  8. rachana sabse achhi lagi samarpan ki bhavana se oot proot aapki yahpost.

    उत्तर देंहटाएं
  9. अरे भाई क्या हरा रंग बिखेरा है!!!!!!!!!!!!!!!
    जिसके लिए लिखा है क्या उसने यही गाना गया है
    " ओह!!!हम पे ये किसने हरा रंग डाला
    ख़ुशी ने हमारी हमें मार डाला, मा....र डाला!!!! "
    भई लोग तो कह रहे हैं की हरियाली कम हो रही है पर यहाँ तो भरपूर है. कुछ अलग ही सीन है पर यकीन मानो ये सीन है अच्छा
    रचना दीक्षित

    उत्तर देंहटाएं
  10. jeenav ki haritima ke peechhe chhipi kalima ko bhale na dekha par mahsoos kiya ye aapke najariye ki chetana hai,aapke jeevan me ye hariyali bani rahe aur ye chlorofil isi tarah aap ko urja deta rahe.........

    उत्तर देंहटाएं
  11. samarpan ka bhavpurn chitran jismein klorofil ka bimbatmak prayog atyant sunder aur prabhawotpadak ban pada hai.Adbhut prayog.full of surprising approach.

    उत्तर देंहटाएं
  12. वैज्ञानिक दृष्टिकोण को भावनाओं ka roop de kar ek naya drishtikon dikhaya hai... extremely creative...

    उत्तर देंहटाएं